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Ola और Uber लाए सब्स्क्रिप्शन प्लान? लेकिन सिर्फ ये लोग उठा सकेंगे लाभ!

Ola और Uber लाए सब्स्क्रिप्शन प्लान? लेकिन सिर्फ ये लोग उठा सकेंगे लाभ!

  • Ola और Uber लाए नए सब्स्क्रिप्शन प्लान
  • ऑटो-रिक्शा चालक उठा सकेंगे इसका लाभ
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Ola, Uber launches subscription plans?: भारत में कैब सेवा प्रदाता दिग्गजों – Ola और Uber ने एक नई सर्विस की शुरुआत की ही। सामने आ रही सूचना के अनुसार, इन Ola और Uber दोनों ने अपने प्लेटफॉर्म पर ऑटो-रिक्शा चालकों के लिए हर बुकिंग पर शुल्क या कमीशन लेने के बजाय सब्सक्रिप्शन आधारित प्लान्स पेश किए हैं।

बीतें दिनों में Ola की ओर से कुछ चुनिंदा शीर्ष शहरों जैसे दिल्ली-एनसीआर, मुंबई, बेंगलुरु और हैदराबाद आदि में ऑटो-रिक्शा चालकों के लिए सदस्यता/सब्सक्रिप्शन मॉडल की शुरुआत की गई है। वहीं Uber ने भी लगभग समान सेवा का आगाज किया है, जिसे फिलहाल चेन्नई, कोच्चि और विशाखापत्तनम समेत 6 शहरों में लॉन्च किया गया। यह जानकारी इकोनॉमिक टाइम्स की एक हालिया रिपोर्ट में मामले के जानकार सूत्रों के हवाले से सामने आई है।

Ola, Uber launches subscription plans

दिलचस्प ये है कि यह मॉडल पहले ही इन कंपनियों के प्रतिद्वंद्वियों द्वारा अपनाया जा चुका था। इस लिस्ट में Namma Yatri और Swiggy समर्थित Rapido शामिल हैं। तो ऐसा नहीं है कि यह मॉडल पहली बार भारत में कोई कंपनी पेश कर रही है। लेकिन जाहिर तौर पर इसके कई फ़ायदे ज़रूर हैं।

इस सदस्यता/सब्सक्रिप्शन मॉडल के तहत Ola व Uber जैसी कंपनियाँ ऑटो-रिक्शा भागीदारों से दैनिक या साप्ताहिक रूप से एक निश्चित शुल्क लेते हैं। इसके एजव में ऑटो-रिक्शा ड्राइवरों को प्लेटफॉर्म के जरिए असीमित संख्या में सवारी हासिल कर सकने में मददम मिलती है।

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इतना ही नहीं बल्कि रिपोर्ट में मामले के जानकार सूत्रों के हवाले से यह कहा गया है कि इस नए मॉडल के साथ Ola और Uber को संभावित रूप से लागू 5% गुड्स और सर्विस टैक्स (जीएसटी) को अदा करने से भी राहत मिल सकती है, जो उनके द्वारा ऑटो-रिक्शा की सवारी की सुविधा देने के लिए लिया जाता है।

असल में नियमों के अनुसार, केंद्रीय जीएसटी अधिनियम की धारा 9 (5) के तहत ये 5% जीएसटी लागू होता है। इसमें ई-कॉमर्स ऑपरेटरों जैसे कैब सेवा प्रदाताओं, फूड-डिलीवरी कंपनियों के साथ-साथ ऑनलाइन रिटेल मार्केटों को उनके ऐप्स पर सूचीबद्ध सेवा प्रदाताओं की ओर से टैक्स इकट्ठा करना और उसका भुगतान करना होता है। इनमें ड्राइवर, रेस्तरां और ई-मार्केटप्लेस विक्रेता शामिल होते हैं।

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