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TikTok की पहली ‘Transparency Report’ हुए ज़ारी; भारत ने सबसे अधिक किया ‘लीगल और कंटेंट हटाने’ संबंधी अनुरोध

TikTok की पहली ‘Transparency Report’ हुए ज़ारी; भारत ने सबसे अधिक किया ‘लीगल और कंटेंट हटाने’ संबंधी अनुरोध

TikTok और इसकी पैरेंट कंपनी ByteDance के लिए समय कुछ सही नहीं चल रहा है। दरसल कंपनी कुछ इस प्रकार से विवादों में घिरी है कि अब TikTok को अमेरिकी सेना ने सरकार द्वारा दिए गए फोनों पर इस्तेमाल करने से बैन कर दिया है।

आपको बता दें कि हाल ही में ही TikTok ने यह कहा था कि वह सिंगापुर में बैकअप के साथ वर्जीनिया में अमेरिकी उपयोगकर्ताओं के डेटा को स्टोर करता है। इसके साथ ही यह भी सामने आया कि कंपनी बीजिंग में लगे सख्त कंटेंट नियमों को अमेरिका में लागू नहीं करती है।

वहीँ इस बीच चीनी सरकार के साथ अपने संबंधों पर बढ़ती जांच के बीच कंपनी अपनी गोपनीयता, सुरक्षा और सेंसरशिप चिंताओं को हल करने को लेकर काफी उग्र नज़र आ रही है।

लेकिन दिलचस्प रूप से अब प्राइवेसी मुद्दों को लेकर अपनी भूमिका को साफ़ करते हुए इस चीनी कंपनी ने अपनी पहली Transparency Report’ ज़ारी की है। इस रिपोर्ट में कंपनी ने बताया है कि इसने साल 2019 की पहली छमाही में 28 देशों की सरकारों द्वारा उपयोगकर्ताओं की जानकारी के लिए 298 कानूनी या आपातकालीन अनुरोधों (रिक्वेस्ट) को प्राप्त किया है।

गौर करने वाली बात यह रही कि कंपनी के मुताबिक इन 298 रिक्वेस्ट में 107 अकेले भारत सरकार की तरफ से ही आईं और वहीँ 79 रिक्वेस्ट अमेरिकी सरकार की तरफ़ से आईं।

इसके साथ ही रिपोर्ट में बताया गया है कि कंपनी को नौ देशों के सरकारी निकायों से 28 रिक्वेस्ट मिली, जिनमें स्थानीय कानूनों के उल्लंघन के कारण कंटेंट को हटाने के लिए कहा गया था। जिसके बाद कंपनी की ओर से 25 अकाउंट्स को हटाया/प्रतिबंधित कर दिया गया।

TikTok ने इस रिपोर्ट में कहा;

“कंपनी को चीन में सरकार द्वारा किसी भी प्रकार के कंटेंट को हटाने या अकाउंट को प्रतिबंधित करने संबंधी कोई भी रिक्वेस्ट नहीं प्राप्त हुई।”

आपकी जानकारी के लिए बता दें, इस चीनी कंपनी को अपना TikTok प्लेटफ़ॉर्म चीन में चलाने की अनुमति नहीं है, वहां यह प्लेटफ़ॉर्म Douyin नाम से एक अलग ऐप के रूप में कंपनी द्वारा संचालित किया जाता है।

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इस रिपोर्ट में यह बताया गया है कि भारत की ओर से उपयोगकर्ता डेटा के लिए 107 रिक्वेस्ट और कंटेंट हटाने संबंधी 11 रिक्वेस्ट भेजी गईं।

इसके साथ ही कंपनी ने अमेरिका की कानून प्रवर्तन एजेंसियों से उपयोगकर्ता डेटा के लिए 79 रिक्वेस्ट और कंटेंट हटाने को लेकर 6 रिक्वेस्ट प्राप्त कीं।

वहीँ कंपनी ने यह भी कहा कि उसने 86% उपयोगकर्ता डेटा संबंधी रिक्वेस्ट का जवाब दिया, और साथ ही कंटेंट हटाने को लेकर की गई रिक्वेस्ट के संबंध में 7 अकाउंट्स को बैन किया है।

इस बीच एक और दिलचस्प खबर यह है कि कथित रूप से TikTok अब चीन के बाहर किसी अन्य देश में एक वैश्विक मुख्यालय बनाने संबंधी संभवनाओं की तलाश में जुटी है। इसके जरिये Bytedance विश्व स्तर में अपने TikTok प्लेटफ़ॉर्म को विश्वसनीय बनाना चाहती है।

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