Paytm ने रद्द करवाया ‘जनरल इंश्योरेंस’ संबंधित रजिस्ट्रेशन, IRDAI ने किया मंजूर

  • अब नहीं देखनें को मिलेंगे Paytm के बीमा प्रोडक्ट
  • कंपनी ने वापस किया जनरल इंश्योरेंस रजिस्ट्रेशन
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Paytm Withdraws General Insurance Business Registration: पहले ही केंद्रीय रिज़र्व बैंक, RBI द्वारा अपने Paytm Payments Bank को लेकर झटका खा चुकी One97 Communications ने अपने जनरल इंश्योरेंस बिज़नेस को लेकर भी एक बड़ा कदम उठाया है। फिनटेक ऐप Paytm पर मालिकाना हक रखने वाली इस कंपनी ने अपनी योजनाओं में बदलाव करते हुए, इंश्योरेंस सेगमेंट में व्यापक प्रवेश के पहले ही अपने कदम पीछे खींच लिए हैं।

असल में कंपनी ने कुछ समय पहले बीमा सेगमेंट में भी उतरने का मन बनाया था, इसके लिए Paytm General Insurance Ltd. नाम से एक सहायक इकाई भी स्थापित की गई थी, जिसे भारतीय बीमा नियामक और विकास प्राधिकरण (IRDAI) के समक्ष रजिस्टर भी करवा लिया गया था। लेकिन हाल में कंपनी ने अपना इरादा बदल दिया और इस रजिस्ट्रेशन को विड्रॉ करने या कहें तो रद्द करने के लिए आवेदन दायर किया।

Paytm Withdraws General Insurance Business Registration

और अब खबर आ रही है कि Paytm द्वारा ‘जनरल इंश्योरेंस’ संबंधित रजिस्ट्रेशन रद्द करने संबंधित आवेदन को IRDAI ने मंजूरी दे दी है। बीमा नियामक इरडा द्वारा मंजूर किए जाने के साथ ही अब यह स्पष्ट हो गया है कि फिलहाल निकट भविष्य में Paytm में आपको इसके खुद के इंश्योरेंस प्रोडक्ट नजर नहीं आने वाले।

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IRDAI द्वारा जनरल इंश्योरेंस रजिस्ट्रेशन रद्द होने का सीधा सा मतलब यह है कि इसके बाद अब Paytm की अपनी कोई जनरल इंश्योरेंस कंपनी नहीं होगी। न तो यह खुद के इंश्योरेंस प्रोडक्ट बनाएगी और न ही उनकी बिक्री कर सकेगी। हालाँकि कंपनी अन्य बीमा कंपनियों के प्रोडक्ट के डिस्ट्रिब्यूशन जारी रख सकती है।

इसको लेकर Paytm ने खुद भी स्पष्ट कर दिया है कि अब वह अपने प्लेटफॉर्म पर दूसरी बीमा कंपनियों के इंश्योरेंस प्रोडक्ट ही बेचेगी। इसके तहत हेल्थ से लेकर लाइफ, मोटर व्हीकल, शॉप और गैजेट्स इंश्योरेंस आदि की सहूलियतें मिलती रहेंगी। एक तरीक़े से Paytm पूरी तरह एक ब्रोकिंग एजेंट की तर्ज पर कार्य करेगी।

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असल में कंपनी के 100% मालिकाना हक वाली एक और सहायक इकाई – Paytm Insurance Broking Pvt Ltd भी रजिस्टर है। ऐसे में शायद Paytm की कोशिश यही होगी कि यह अपने प्लेटफॉर्म पर अन्य कंपनियों के बीमा उत्पादों की ही पेशकश को जारी रखे।

कंपनी का कहना है कि अब इसका फोकस अपने साझेदारों के साथ छोटे टिकट वाले सामान्य बीमा प्रोडक्ट्स पर होगा ताकि अधिक से अधिक लोगों तक बीमा उत्पादों की पहुंच हो बढ़ाया जा सके और Paytm के व्यापक वितरण नेटवर्क की मदद से अनेकों उपभोक्ताओं और व्यापारियों को इनका लाभ मिल सके।

असल में इस कदम को भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा Paytm Bank पर की गई कार्यवाई के बाद कंपनी की री-ऑर्गनाइज और कंसोलिडेट करने की कोशिशों के ही एक हिस्से के तौर पर देखा जा सकता है। हाल में ही Paytm द्वारा कथित रूप से पुनः छंटनी किए जाने की भी खबर सामने आई है, लेकिन आधिकारिक रूप से इसका खुलासा नहीं हो सका है।

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